सरदार हरविंदर सिंह मंटू का साकची गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी का प्रधान बनना तय, किया भारी मतों के अंतर से जीत का दावा, प्रधान पद के लिए चुनाव मैदान में तीन प्रत्याशी
श्री दर्पण न्यूज़, जमशेदपुर : सरदार हरविंदर सिंह मंटू का साकची गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी का प्रधान बनना लगभग तय माना जा रहा है। हरविंदर सिंह मंटू के अलावा चुनाव मैदान में प्रधान पद के कुल तीन प्रत्याशी परमजीत सिंह कल और जसवीर सिंह गांधी भी चुनाव मैदान में हैं। लेकिन सबसे मजबूत दावेदारी हरविंदर सिंह मंटू की मानी जा रही है। बातचीत में हरविंदर सिंह मंटू ने बताया कि उन्होंने तमाम वोटरों और संगत से अपील किया है कि उन्हें गुरू घर की सेवा का एक और मौका दिया जाए। संगत को विश्वास दिलाते है कि वे उनकी उम्मीदों पर खड़ा उतरेंगे और संगत के साथ मिलकर गुरु घर की सेवा करेंगे।
संगत का समर्थन उनके साथ : मंटू
मंटू ने विश्वास जताया की संगत उनके साथ है और वह चुनाव अवश्य जीतेंगे। हरविंदर सिंह मंटू ने यह भी दावा किया कि वह विधि सम्मत चुनाव के पक्षधर हैं। साकची गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के विधान के अनुरूप चुनाव लड़कर जीतेंगे और गुरु घर की सेवा का काम करेंगे। उन्होंने बताया कि चुनाव के लिए मजिस्ट्रेट की प्रति नियुक्ति कर दी गई है। जिला प्रशासन ने सुरक्षा के भी आवश्यक इंतजाम किए हैं। विधि व्यवस्था के मद्देनजर पुलिस भी तैनात की गई है। उन्होंने संगत से अपील किया कि वे लोग उन्हें सेवा का मौका दें।
निशांत सिंह का प्रधान चुना जाना गैरकानूनी : मंटू
यह पूछे जाने पर की साकची गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के ट्रस्टियों ने निशान सिंह को साकची गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी का प्रधान चुन लिया है, ऐसे में कल होने वाले चुनाव का क्या औचित्य है, सरदार मंटू ने कहा की ट्रस्टियों को इसका अधिकार ही नहीं है कि वे प्रधान का चुनाव करें या किसी व्यक्ति को प्रधान नियुक्त करें। उनका काम केवल केयरटेकर का है। साकची गुरुद्वारा और उससे जुड़े तमाम व्यवस्था की देखरेख करना ट्रस्टियों का काम है, ना कि प्रधान चुनना। निशान सिंह को प्रधान चुना जाना ट्रस्टियों की गैर जिम्मेदार ना और गैर वैधानिक काम है। इसका कभी समर्थन नहीं किया जा सकता।
हिम्मत है तो चुनाव लड़कर दिखाएं निशांत सिंह
सरदार मंटू ने निशांत सिंह को चुनौती दी और कहा कि वे चुनाव लड़कर और जीतकर प्रधान बने। गैर वैधानिक तरीके से अपने को प्रधान घोषित कर लेना निशांत सिंह को शोभा नहीं देता।
सरदार मंटू ने कहा कि वे पूरी तरह से विधि सम्मत चुनाव लड़कर प्रधान पद पाना चाहते हैंऔर गूरूघर की सेवा करना चाहते हैं। उल्लेखनीय है कि निशांत सिंह के साकची गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के प्रधान पद के चुनाव से अलग होने के बाद हरविंदर सिंह मंटू की एकतरफा जीत सुनिश्चित मानी जा रही है।

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